
नारायणपुर मे विकास की राह में उड़ती धूल अब ग्रामीणों की सांसों में जहर घोल रही है। मामला नारायणपुर-कोंडागांव मुख्य मार्ग यानी निर्माणाधीन नेशनल हाईवे 130D का है, जहाँ उड़ती धूल और भारी वाहनों से परेशान होकर आज ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्राम देवगांव के पास ग्रामीणों ने सड़क पर पत्थर रखकर करीब 3 घंटे तक चक्काजाम कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन तभी जागता है जब सड़क रोकी जाती है।
नारायणपुर-कोंडागांव नेशनल हाईवे (NH-130D) का निर्माण कार्य और उस पर दौड़ती माइंस की भारी गाड़ियां आसपास के ग्रामीणों के लिए मुसीबत बन गई हैं। सड़क पर जमा धूल की मोटी परत हवा में उड़कर लोगों के घरों, भोजन और पानी को दूषित कर रही है, जिससे उनका जीना दुश्वार हो गया है। इसी समस्या से तंग आकर आज देवगांव के पास ग्रामीणों ने मुख्य मार्ग को पत्थर डालकर अवरुद्ध कर दिया। करीब 3 घंटे तक चले इस चक्काजाम के बाद नेशनल हाईवे के इंजीनियर और पुलिस बल मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाते हुए कहा कि प्रशासन केवल विरोध प्रदर्शन के वक्त दिखावे के लिए पानी का छिड़काव करता है और बाद में हालात वैसे ही छोड़ दिए जाते हैं। साथ ही, ग्रामीणों ने माइंस गाड़ियों में लगी अवैध तेज लाइटों पर भी कार्यवाही की मांग की, जिससे आए दिन हादसे का डर बना रहता है। इंजीनियर द्वारा नियमित पानी छिड़काव के आश्वासन और मौके पर टैंकर बुलाकर छिड़काव शुरू कराने के बाद ही ग्रामीणों ने जाम खोला। हालांकि, ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर यह व्यवस्था फिर बिगड़ी, तो आंदोलन और भी उग्र होगा।
