नारायणपुर हथियारबंद माओवाद के ताबूत में कील ठोकती नारायणपुर डीआरजी की बड़ी कार्रवाई – नक्सली हथियार फैक्ट्री के सामान की भारी मात्रा में बरामदगी* Last updated: 2026/02/06 at 2:19 PM bastardarshan24@gmail.com Share 0 Min Read SHARE Share This Article Facebook Twitter Copy Link Print Leave a comment Leave a Reply Cancel replyYour email address will not be published. Required fields are marked *Comment * Name * Email * Website Save my name, email, and website in this browser for the next time I comment. SearchSearchRecent Postsसेवा, समर्पण और सफलता की कहानी—डॉ. हिमांशु सिन्हा एवं डॉ. धनराज सिंह डड़सेना की विदाई पर उमड़ा स्नेह* केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह बोले- बस्तर की पहचान बारूद नहीं, संस्कृति हैः बस्तर पंडुम में कहा- तय समय में नक्सलवाद खत्म होगा, यह सबसे विकसित संभाग बनेगा। कार्यक्रम में सर्वप्रथम राज्य संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने बस्तर पंडूम के विषय में विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की ।इसके बाद बस्तर के आदिवासी समाज द्वारा केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह सहित मंचस्थ अतिथियों को बस्तरिया फ़ागा पहना कर उनका स्वागत किया ।इस पश्चात संस्कृति विभाग द्वारा बस्तर पंडूम पर बनाए गए वीडियो को दिखाया गया। स्थानीय विधायक और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने अपने सम्बोधन में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के स्वागत करते हुए कहा कि यह बस्तर के लिए गौरव विषय है कि इस आयोजन में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह यहां बस्तर पंडूम 2026 के समापन कार्यक्रम में पहुंचे हैं । उन्होंने कहा कि बस्तर की लोककला, खानपान, संस्कृति और नाट को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से विश्व पटल पर स्थापित किया गया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृहमंत्री के संकल्प के तहत आज बस्तर लाल आतंक से मुक्त होने की ओर अग्रसर है । उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि जब पहली बार केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 31 मार्च 2026 तक सशस्त्र नक्सलिज्म को खत्म करने की घोषणा की तो केवल दो लोगों को इसका विश्वास था ,पहले स्वयं अमित शाह और दूसरी बस्तर की जनता । उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के संकल्प अब पूरा होने को है। सीएम विष्णुदेव साय बोले- जवानों के साहस-संकल्प से बदल रही है बस्तर की तस्वीरछ।त्तीसगढ़ के बस्तर क्षेत्र में 45 वर्षों से अधिक समय तक नक्सलवाद का प्रभाव रहा। बस्तर का क्षेत्रफल केरल राज्य से भी बड़ा है।लाल आतंकवाद के कारण यहां के लोगों को लंबे समय तक बुनियादी सुविधाएं नहीं मिल पाईं। लेकिन गृह मंत्री की दृढ़ इच्छाशक्ति और ठोस रणनीति के चलते मात्र दो वर्षों में यहां शांति स्थापित हुई है। आज गृह मंत्री का हमारे बीच होना बस्तर के लिए ऐतिहासिक क्षण है। बस्तर पंडुम, बस्तर की संस्कृति और पहचान का प्रतीक है। एक समय था जब यह विश्वास करना कठिन था कि बस्तर से नक्सलवाद कभी समाप्त होगा। लेकिन गृह मंत्री के संकल्प और जवानों के साहस से आज बस्तर की स्थिति और परिस्थितियां पूरी तरह बदल चुकी हैं। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने अपने सम्बोधन में कहा कि माओवादियों ने गरीब आदिवासी युवाओं के हाथों में हथियार थमाए और तिरुपति से पशुपतिनाथ तक ‘रेड कॉरिडोर’ का नारा दिया। उन्होंने कहा, “साढ़े चार दशकों तक उन्होंने इस पूरे क्षेत्र में विकास को रोके रखा।” शाह ने आगे कहा मुझे यह कहने में कोई संकोच नहीं कि अगर बस्तर माओवादी समस्या से प्रभावित नहीं होता, तो आज यह देश का सबसे विकसित जिला होता। आने वाले 10 वर्षों में बस्तर देश का सबसे विकसित आदिवासी क्षेत्र बनेगा। अमित शाह ने कहा कि अब माओवाद से 90 प्रतिशत क्षेत्र मुक्त हो चुका है और उन्होंने दोहराया कि 31 मार्च से पहले माओवादी समस्या को जड़ से उखाड़ फेंका जाएगा। हालांकि, उन्होंने माओवादियों से हथियार छोड़ने की अपील भी की और कहा कि सरकार एक भी गोली चलाना नहीं चाहती। जो माओवादी आत्मसमर्पण करेंगे, सरकार उनका रेड कार्पेट बिछाकर स्वागत करेगी। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने 31 मार्च 2026 तक माओवाद खत्म करने के अपने संकल्प को दोहराते हुए कहा कि माओवादी 31 मार्च 2026 की मर्यादा याद रखनें,अब माओवाद से 90 प्रतिशत क्षेत्र मुक्त हो चुका है और उन्होंने दोहराया कि 31 मार्च से पहले माओवादी समस्या को जड़ से उखाड़ फेंका जाएगा। हालांकि, उन्होंने माओवादियों से हथियार छोड़ने की अपील भी की और कहा कि सरकार एक भी गोली चलाना नहीं चाहती। जो माओवादी आत्मसमर्पण करेंगे, सरकार उनका रेड कार्पेट बिछाकर स्वागत करेगी। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि बस्तर की पहचान बारूद से नहीं, बल्कि उसकी समृद्ध संस्कृति से है। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद का तेजी से सफाया हो रहा है और सरेंडर करने वाले नक्सलियों को कोई आंच नहीं आएगी। लेकिन स्कूल और अस्पताल जलाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। तय समय में नक्सलवाद खत्म होगा। अमित शाह ने भरोसा दिलाया कि बस्तर को प्रदेश का सबसे विकसित संभाग बनाया जाएगा। उन्होंने ये बातें जगदलपुर के लालबाग मैदान में आयोजित बस्तर पंडुम के मंच से कही। इससे पहले स्वागत के दौरान उन्हें कौड़ी की माला और पारंपरिक पगड़ी पहनाई गई। माँ दंतेश्वरी की धरती पर संस्कृति का महोत्सव बस्तर पंडुम 2026 में सुकमा का परचम,सुकमा की जनजातीय नाट्य व वेशभूषा को प्रथम पुरस्कार, गृहमंत्री अमित शाह व मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया सम्मानित। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के दौरे को बस्तर सासंद महेश कश्यप ने बताया महत्वपूर्ण, इधर बस्तर पण्डुम के मंच पर कई राज्यों की संस्कृति की दिखी झलक Recent CommentsNo comments to show.